रुद्रपुर। रुद्रपुर में पूर्वांचल समाज को जल्द ही अपना स्थायी भवन मिलने जा रहा है। पूर्वांचल समाज के प्रतिनिधिमंडल की मांग पर महापौर विकास शर्मा ने बुधवार को बड़ा ऐलान करते हुए नगर निगम की ओर से पूर्वांचल समाज के लिए कम्युनिटी हॉल (पूर्वांचल भवन) बनवाने की घोषणा की। प्रतिनिधिमंडल भवन निर्माण के लिए केवल भूमि आवंटन की मांग लेकर पहुंचा था, लेकिन महापौर ने भूमि के साथ-साथ नगर निगम द्वारा भवन निर्माण कराने की घोषणा कर सभी को उत्साहित कर दिया। इस घोषणा पर पूर्वांचल समाज के लोगों ने महापौर का आभार व्यक्त करते हुए उन्हें स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया।
नगर निगम कार्यालय पहुंचे पूर्वांचल समाज के प्रतिनिधिमंडल ने महापौर को बताया कि आजादी के बाद उत्तर प्रदेश के तत्कालीन मुख्यमंत्री पंडित गोविंद बल्लभ पंत के आह्वान पर स्वतंत्रता सेनानी परिवारों सहित हजारों पूर्वांचलवासी तराई क्षेत्र को बसाने के लिए यहां आए थे। उस समय यह क्षेत्र घने जंगलों और दलदली भूमि से घिरा हुआ था। कठिन परिस्थितियों में संघर्ष करते हुए पूर्वांचल समाज के लोगों ने न केवल इस क्षेत्र के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, बल्कि उत्तराखंड की सामाजिक, सांस्कृतिक, औद्योगिक और आर्थिक उन्नति में भी उल्लेखनीय योगदान दिया।
प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि वर्तमान में जिले और आसपास के क्षेत्रों में पूर्वांचल समाज के हजारों परिवार निवास कर रहे हैं। समाज समय-समय पर सामाजिक, सांस्कृतिक, शैक्षिक, धार्मिक तथा जनकल्याणकारी कार्यक्रम आयोजित करता है, लेकिन अपना कोई स्थायी भवन नहीं होने के कारण विभिन्न गतिविधियों के संचालन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। इसी को देखते हुए नगर निगम अथवा उपलब्ध शासकीय भूमि पर पूर्वांचल समाज भवन के लिए भूमि उपलब्ध कराने की मांग की गई।
महापौर विकास शर्मा ने मांग को न्यायोचित बताते हुए कहा कि पूर्वांचल समाज केवल भूमि का नहीं, बल्कि एक सम्मानजनक पहचान का भी हकदार है। उन्होंने घोषणा की कि नगर निगम पूर्वांचल समाज के लिए कम्युनिटी हॉल का निर्माण कराएगा। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के सहयोग से नगर निगम शहर में सात नए कम्युनिटी सेंटर स्थापित करने जा रहा है, जिनमें से एक पूर्वांचल समाज को समर्पित किया जाएगा।
महापौर ने कहा कि यह भवन पूर्वांचल समाज के किसी महापुरुष अथवा समाज की इच्छा के अनुरूप नाम से बनाया जाएगा। यहां सांस्कृतिक, सामाजिक और शैक्षिक कार्यक्रमों का आयोजन होगा तथा नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत से जुड़ने का अवसर मिलेगा। उन्होंने कहा कि पूर्वांचल की संस्कृति लोगों को जोड़ने का कार्य करती है और नगर निगम भी सभी समाजों को साथ लेकर विकास की दिशा में आगे बढ़ रहा है।
उन्होंने बताया कि नगर निगम पहले ही बंगाली समाज के लिए ‘बंग भवन’ की पहल कर चुका है और अब पूर्वांचल समाज के लिए भी अलग कम्युनिटी हॉल बनाया जाएगा। महापौर ने कहा कि शहर के समग्र विकास के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का भरपूर सहयोग मिल रहा है और सरकार ने नगर निगम को विकास कार्यों के लिए पर्याप्त बजट उपलब्ध कराया है।
महापौर ने बताया कि शहर की ड्रेनेज व्यवस्था के समाधान के लिए 184 करोड़ रुपये की परियोजना को स्वीकृति मिल चुकी है। इसके अलावा कल्याणी नदी के पुनरोद्धार की योजना को भी जल्द मंजूरी मिलने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि पूर्वांचल समाज की आस्था को देखते हुए छह नए छठ घाटों का प्रस्ताव भी शासन को भेजा गया है, ताकि श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिल सकें।
महापौर की घोषणा से उत्साहित पूर्वांचल समाज के प्रतिनिधियों ने उनका आभार व्यक्त करते हुए उन्हें स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया। इस अवसर पर पूर्वांचल समाज के अध्यक्ष जेबी सिंह, धीरेन्द्र मिश्रा, हिमांशु शुक्ला, राकेश सिंह, सर्वजीत कुमार सिंह, नंद लाल शर्मा, मोहन तिवारी, विपिन कुमार, देवेंद्र शाही, निशांत शाही, राजेश कुमार, दुर्गेश, अभिषेक, विशाल, जयंत सिंह सहित बड़ी संख्या में समाज के लोग मौजूद रहे।
